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Sant Asharamji Bapu – Project Kalpvriksh

Project Kalpvriksh

प्रोजेक्ट कल्पवृक्ष

हरि ॐ !

आप सभी जानते हैं पेड मीडिया ने किस तरह संत आशारामजी बापू की छवि को धूमिल किया है । इस बिकाऊ मीडिया के कुप्रचार पर पानी फेरके, भारत भर के प्रत्येक व्यक्ति के सामने ‘संत आशारामजी बापू निर्दोष हैं’ – इस सच्चाई को उजागर करने के लिए युवा सेवा संघ मुख्यालय लेकर आ रहा है ‘‘प्रोजेक्ट कल्पवृक्ष’’ । इस प्रोजेक्ट द्वारा हम संत आशारामजी बापू की सच्चाई लोगों तक पहुँचायेंगे । साथ ही हम इसके द्वारा एक ऐसा नेटवर्क तैयार करेंगे जिसमें देशभर के साधकों के साथ असाधक भी होंगे । जनता ही जनार्दन होती है इसलिए जनता के आँखों पर जो झूठ का पर्दा मीडिया ने लगाया है उसे हटाना हम सबका कर्तव्य है । सभी साधक भाई-बहनों से प्रार्थना है कि इस प्रोजेक्ट में सहभागी होकर इसे सफल बनायें ।

आइये जानते हैं क्या है प्रोजेक्ट कल्पवृक्ष ।

प्रोजेक्ट कल्पवृक्ष युवा सेवा संघ मुख्यालय द्वारा संचालित किया जा रहा है । यह प्रोजेक्ट मोबाइल पर वॉट्सअप के द्वारा किया जायेगा । युवा सेवा संघ मुख्यालय ने वाट्सअप पर कुछ ग्रुप तैयार किये हैं जो इस प्रकार हैं : कल्पवृक्ष-१, कल्पवृक्ष-२, कल्पवृक्ष-३ इत्यादि । इन ग्रुप्स के प्रत्येक मेम्बर का काम है कि अपने वाट्सअप पर दो प्रकार के ग्रुप बनाये । एक तो साधकों का ग्रुप दूसरा नॉन-साधकों का । साधकों के ग्रुप का नाम कल्पवृक्ष और नॉन-साधकों के ग्रुप का नाम जागो हिन्दुस्तानी रखें । कल्पवृक्ष और जागो हिन्दुस्तानी ग्रुप नेम के साथ कुछ नम्बर भी डालें, ताकि एक जैसे दो ग्रुपस आपके मोबाइल में ना रहें । उदाहरण के तौर पे कल्पवक्ष-४२५४ और जागो हिन्दुस्तानी -७८९४५। जो ग्रुप आपने तैयार किया है उसमें साधकों के ग्रुप मेंम्बर्स से कहें कि वे भी इसी तरह के दो ग्रुपस बनाये और ऐसा ही करने को आगेवाले ग्रुप मेंम्बरों से कहें । इस चेन से आगे चलकर यह एक ऐसा कल्पवृक्ष बन जायेगा जिसकी शाखाओं का कोई अंत नहीं, मतलब अनंत है । आपके पास अगर ज्यादा लोगों के कांटैक्ट्स हैं तो आप दो से ज्यादा ग्रुप भी बना सकते हैं ।

एक बात का विशेष ध्यान रखें – ये ग्रुप चैqटग या कॉन्वरसेशन के लिए नहीं है । इसलिए किसी प्रकार का पोस्ट ना डोलें । युवा सेवा संघ मुख्यालय से जो भी पोस्ट आये उसे आगे के ग्रुप में फॉरवार्ड करना है । बस एक बात का ध्यान रखना है कि जो पोस्ट ऑनली फॉर साधक आये उसे इस इन्सटड्ढक्शन के साथ सिर्फ साधक के ग्रुप में फॉरवार्ड करना है असाधक के ग्रुप में नहीं ।

असाधक के ग्रुप के रूल्स कुछ अलग हैं और उसे कॉन्वरसेशन के लिए खुला छोड़ दें । इस ग्रुप में एक ध्यान रखें कि आप अकेले ना पड़ जाये इसलिए चार से पाँच ऐसे साधकों को जरूर रखें जो किसी भी प्रकार के उल्टे-सीधे सवालों का जवाब समझदारी से दे सके ।

अब आप सभी लोगों से अनुरोध है कि ज्यादा-से-ज्यादा लोगों से मिलें और अपने संपर्क सूची में उन लोगों के नम्बर सांझा(सेव) करें, असाधक ग्रुप के लिए । हिन्दू-संगठन, पुलिस अधिकारी, वकील, जज और पॉलिटिशिसनस के नम्बर प्रयत्नपूर्वक जोड़ने को कोशिश करें ।

तो ये है प्रोजेक्ट कल्पवृक्ष । आप सभी साधक भाई-बहनों से प्रार्थना है कि इस प्रोजेक्ट से जुड़कर इसे इतना बड़ा बनायें कि पूरी दुनिया में संत आशारामजी बापू के खिलाफ रची गई साजिस का पर्दाफास हो सके ।

धन्यवाद ।

हरि ॐ !

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